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निप्पोन इस देश का नाम सुनकर आप शायद चौक गए होंगे | आपकी जानकारी के लिए आपको बता दें की यह कोई दूसरा देश नहीं जापान ही है | जापान देश को निप्पोन नाम से भी जाना जाता है | तो फिर चलिए आज हम आपके के लिए Feelbywords.com पर लेकर आए है Information about Japan in Hindi | इस आर्टीकल में आप जानेंगे जापान देश विषयक कुछ अनसुने रोचक तथ्य और जानकारी |

Information About Japan in Hindi

जापान एशिया महाद्वीप के प्रमुख देशों में से एक है | यह चार बड़े और लगभग ६८४९ छोटे द्वीपों के समूह से बना है | यह सभी द्वीप प्रशांत महासागर का हिस्सा है | जापान के पड़ोस में चीन, कोरिया तथा रूस है | यह देश अपने अलग-अलग टेक्नोलॉजीज के लिए सम्पूर्ण विश्व में पहचाना जाता है | यह देश सभी देशों में मेहनती है | इस देश का नाम किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं है | जापान के लोगों के मेहनत के बारे में हम अंदाजा भी नहीं लगा सकते |

information about japan map in hindi

Japan Map

जापान यह नाम चीनी “जिम्पोज” शब्द से आया हुआ है | जापान नाम का अर्थ ” सूरज के मूल से” है और अकसर लोग इसे “उगते हुए सूरज की जमीन” भी कहते है | जापान देश की राजधानी टोक्यो है | इस देश का क्षेत्रफल ३७७,९७५ वर्ग किलोमीटर है | जापानी लोग अपने देश को ‘निप्पोन’ या ‘निहोन’ कहते है, जिसका मतलब सूर्य का देश है | जापान के मूल निवासियों की जनसंख्या ९८.५% है | बाकी ०.५% कोरियाई, ०.४% चाइनीज तथा ०.६% अन्य लोग है | यह देश उत्तर पश्चिम में प्रशांत महासागर में स्थित है | उत्तर में ओखोटस्क सागर से लेकर दक्षिण में चीन सागर और ताइवान तक फैला हुआ है |
टोक्यो जापान देश की राजधानी, इस देश का सबसे बड़ा शहर और विश्व का सबसे बड़ा महानगर है | यहां की राष्ट्रभाषा जापानी है | यहां संवैधानिक राजतंत्र और संसदीय प्रणाली पद्धति की सरकार है | क्षेत्रफल की दृष्टि से विश्व में ६१ व क्रमांकन आता है |

२०२० की जनगणना अनुसार इस देश की जनसंख्या १२,५९,६०, ००० है | सम्पूर्ण विश्व में लोक संख्या के मामले में ११ वा क्रमांकन आता है | यहां की चलन मुद्रा जापानीज येन है | यहां का दूरध्वनी क्र. +८१ है | इस देश का ३/४ भाग पहाड़ी है | जापान देश के बारे में पहला लिखित उल्लेख एक चीनी वृतांत ‘हान’ की किताब में मिलता है | जो की द्वितीय शताब्दी में पूर्ण हुई थी |

1] आखिर कहा से आया था जापान में बौद्ध धर्म?

जापान का प्रथम लिखित साक्ष्य इ. स. ५७ के एक चीनी लेख से मिलता है | इस लेख में पूर्व से किसी द्वीप से आए हुए एक राजनीतिज्ञ के चीन दौरे का वर्णन किया हुआ है | धीरे-धीरे चीन जापान दोनों देशों के बीच राजनीतिक और सांस्कृतिक संबंध स्थापित हुए | उस समय जापानी एक बहु दैविक धर्म का पालन करते थे | जिसमें कई देवता हुआ करते थे | ६ वी शताब्दी में बौद्ध धर्म चीन से जापान पहुंचा | इसके बाद पुराने धर्म को शिंतो की संज्ञा दी गई जिसका मतलब देवताओं का पंथ होता है | बौद्ध धर्म ने पुरानी मान्यताओं को खत्म नहीं किया पर मुख्य धर्म बौद्ध ही बना रहा | बौद्ध धर्म के आगमन के साथ लिखने की लिपि तथा शैक्षणिक और सांस्कृतिक कार्यों के लिए मंदिरों का उपयोग भी जापान में चीन से आया |

2] आखिर क्यों बदलनी पड़ती थी जापानी राजाओं को अपनी राजधानी?

शिंतो मान्यताओं के अनुसार जब कोई राजा मरता है तो उसके बाद का शासक अपनी राजधानी पहले से किसी दूसरे स्थान पर बनाएगा | जापान में बौद्ध धर्म आने के बाद इस मान्यता का त्याग किया गया | इ.स. ७१० में राजा ने नारा नामक एक शहर में अपनी स्थायी राजधानी बनाई | शताब्दी के अंत तक इसे हाइरा नामक नगर में स्थानांतरित कर दिया गया जिसे बाद में क्योटो नाम दिया गया |

इ.स. ९१० में जापानी शासक ‘फुजीवारा’ ने जापान की राजसत्ता से अपने आप को अलग कर दिया | इस वंश का शासन ११ वी शताब्दी के अंत तक रहा | कई लोगों की नजर में यह काल जापानी सभ्यता का स्वर्ण काल था | चीन से संपर्क कम होता गया और जापान ने अपनी खुद की पहचान बनाई | दसवीं सदी में बौद्ध धर्म का मार्ग चीन और जापान में लोकप्रिय हुआ |

3] कैसे एक तूफ़ान ने जितवाया जापानियों को हरा हुआ युद्ध?

मध्यकाल में जापान में सामंतवाद का जन्म हुआ | जापानी सामंतों को समुराई कहते थे | जापानी सामंतों ने कोरिया पर दो बार चढ़ाई की पर उन्हें कोरिया और चीन के मिंग शासकों ने हरा दिया | १३ वी शताब्दी में कुबलय खान मध्य एशिया के सबसे बड़े सम्राट के रूप में उभरा जिसका साम्राज्य पश्चिम में फारस, बाल्कन तथा पूर्व में चीन और कोरिया तक फैला हुआ था | १२६८ में उसने जापान के समुराइयों के सरगना के पास एक षड़यंत्र खत भेजा जिसमें भरी धनराशि भेंट करने को कहा गया था, अन्यथा बुरे परिणामों की धमकी दी गई थी | जापानियों ने इसका कोई जवाब नहीं दिया था | युद्ध को रोका न जा सका |

japanese samurai

Japanese Samurai

इ.स. १२७४ में कुबलय खान ने लगभग ३५,००० चीनी और कोरियाई सैनिक और उनके मंगोल प्रधानों के साथ ८०० जहाजों में बैठकर जापान की तरफ रुख किया | पर रास्ते में बहुत बड़ा तूफान आने की वजह से उसे वापस लौटना पड़ा | इ.स. १२८१ में कुबलय खान ने फिर से जापान पर चढ़ाई की | इस बार उसके पास लगभग १,५०,००० सैनिक थे और वह जापान के दक्षिणी और पश्चिमी तट पर पहुंचा | दो महीने के संघर्ष के बाद जापानियों को पीछे हटना पड़ा | धीरे-धीरे कुबलय खान की सेना जापानियों को अंदर धकेलती गयी और लगभग पूरे जापान को कुबलय खान ने जीत लिया |

पर एक बार फिर मौसम ने जापानियों का साथ दिया और समुद्र में फिर से भयंकर तूफान आ गया | आक्रमण करने वाले कुछ मंगोल विचलित होकर वापस भागने लगे | इसके बाद बचे मंगोल का जापानियों ने निर्दयतापूर्वक कत्ल कर दिया | जापानियों की यह जीत निर्णायक साबित हुई और दूसरे महायुद्ध से पहले किसी विदेशी सेना ने जापान की धरती पर कदम नहीं रखा | इन तूफानों से जापानियों को बहुत ही ज्यादा लाभ हुआ | इस तूफान के लिए जापान में एक शब्द लोकप्रिय हुआ -कामिकाजे, जिसका अर्थ है अलौकिक पवन |

4] कैसे किया यूरोपियों ने जापान में व्यापार के लिए प्रवेश?

सोलहवीं सदी में यूरोप के पुर्तगाली व्यापारियों ने और मिशनरियों ने जापान में प्रवेश किया और व्यापारिक तथा सांस्कृतिक तालमेल की शुरू वात की | जापानी लोगों ने यूरोपीय देशों के बारूद तथा हथियारों को बहुत पसंद किया | यूरोपीय शक्तियों ने ईसाई धर्म का भी प्रचार किया | १५४९ में पहली बार जापान में ईसाई धर्म का आगमन हुआ | दो सालों के अंदर जापान में करीब तीन लाख लोगों ने ईसा मसीह के शब्दों को स्वीकार कर लिया था |

जिस तरह सातवीं सदी में बौद्ध धर्म प्रचलित हुआ उसी तरह ईसाई धर्म जापान में लोकप्रिय हुआ | ईसाई धर्म प्रचारकों ने जापानी लोगों से यह कहा की ईसाई धर्म को स्वीकार करने के लिए उन्हें अपने अन्य धर्म का त्याग करना होगा | यह बात जापानियों को थोड़ी अजीब लगी पर धीरे-धीरे इ.स. १६१५ तक पाँच लाख जापानियों ने ईसाई धर्म को अपना लिया |

१६१५ में समुराई सरगना शोगुनते को यूरोपीय व्यापारियों और मिशनरियों पर शक हुआ की यह लोग जापान को अपने आधिपत्य के नीचे करने आए है | उसने विदेशियों पर कड़े प्रतिबंध लगा दिए और उनका व्यापार एक कृत्रिम द्वीप नागासकी तक ही सीमित कर दिया | ईसाई धर्म पर प्रतिबंध लगा दिया और लगभग २५ सालों तक ईसाइयों के विरुद्ध अत्याचार तथा हत्या का सिलसिला जारी रहा | १६३८ में बचे हुए ३७, ००० ईसाइयों को नागासकी के पास एक द्वीप पर घेरकर बाद में उनकी हत्या कर दी गयी |

5] कैसे प्राप्त की जापानियों ने रूस पर विजय?

इ.स. 1854 में पुन: जापान ने पश्चिमी देशों के साथ व्यापार संबंध स्थापित किया | जापान को प्राकृतिक संसाधनों की आवश्यकता पड़ी जिसके लिए उसने १८९४-९५ में चीन और १९०४-१९०५ में रूस पर चढ़ाई की | जापान ने रूस-जापान युद्ध में रूस को हरा दिया | यह पहली बार हुआ की जब किसी एशियाई देश ने किसी यूरोपीय शक्ति पर विजय हासिल की |

6] क्या गलती से गिरा था हिरोशिमा पर परमाणु बम?

जापान ने द्वितीय विश्वयुद्ध में धुरी राष्ट्रों का साथ दिया पर १९४५ में अमेरिका ने जापान के हिरोशिमा और नागासकी इन दो शहरों पर परमाणु बम गिराकर इन शहरों को विध्वंसित कर दिया |
द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान अमेरिका ने जापान के हिरोशिमा शहर पर ६ अगस्त १९४५ को सुबह सवा आठ बजे परमाणु बम गिराया | इस बम का नाम ‘लिटल बॉय’ था | इस हमले में करीब ८० हजार से ज्यादा लोग मारे गए थे |

imaginary image of hiroshima nuclear blast

Imaginary Image of Hiroshima Nuclear Blast

इस शहर के ३०% लोग तो तुरंत ही मर गए थे | इस परमाणु बम के दुष्परिणाम हो गए थे | इस बम के कारण ४,000 डिग्री सेल्सियस तक की गर्मी निर्माण हुई थी | यह बम दूसरी जगह पर गिराने का तय हुआ था पर उस दिन आसमान में अचानक से काले बादल छा गए और हवा उलटी दिशा में बहने लगी इस कारण से यह बम अपने निशाने से हटकर शीमा सर्जीकल क्लिनिक पर गिरा |

परमाणु बम तकरीबन ४००० किलोग्राम का था | परमाणु हमले में कुछ पुलिसवालों ने अपनी जान एटॉमिक चमक दिखने के बाद खास तरीके से छुपकर बचाई थी | परमाणु बम के कारण शहर के ९० प्रतिशत डॉक्टर मरे गए थे | इस कारण घायल होने वालों का इलाज जल्द से जल्द संभव नहीं हो सका | धमाके से १००५ किमी प्रति घंटे की रफ्तार वाली आंधी पैदा हुई | इस बम में ६.४ किलोग्राम प्लूटोनियम था | अगर जापान सरेंडर नहीं करता तो अमेरिका ने १९ अगस्त को एक और शहर पर परमाणु बम गिराने की योजना बनाई थी |

इस हमले के तीन दिन बाद ही ९ अगस्त को नागासाकी शहर पर दूसरा परमाणु बम फेंका था | इस बम का नाम ‘फैट मैन’ था | इस हमले से जापान तबाह हो गया | इस बमबारी से डेढ़ लाख लोगों की मृत्यु हो गयी थी, कुछ अपंग हो गए थे | वहाँ का वातावरण दूषित होने के कारण लोग अलग ही बीमारी का शिकार हो गए थे| इसके साथ ही जापान ने अमेरिका के सामने आत्मसमर्पण कर दिया | इसके बाद से जापान ने अपने आप को एक आर्थिक शक्ति के रूप में सुदृढ़ किया और अभी तकनीकी क्षेत्र में उसका नाम अग्रणी राष्ट्रों में गिना जाता है |

7] जानिए जापान की संस्कृति के बारे में |

कुछ लोग जापान की संस्कृति को चीन की संस्कृति का ही विस्तार समझते है | जापान संस्कृति की खास बात यह है की यहां के लोग अपनी संस्कृति से बहुत लगाव रखते है | जापान के लोगों ने हमेशा चीन की संस्कृति का अंधानुकरण किया है | बौद्ध धर्म यहां चीनी तथा कोरियाई भिक्षुओं के माध्यम से पहुंचा | मार्च का महीना उत्सवों का महीना होता है | कीमिगायो इस देश का राष्ट्रीय गान है | यह राष्ट्रगीत विश्व में सभी देशों के राष्ट्रगीत से छोटा और प्राचीन है |

8] कैसा है जापान का जन-जीवन?

आज जापान में हर व्यक्ति के पास कलर टी.वी है | ८३% लोगों के पास कार है | ८०% घरों में एयरकंडीशन लगे हुए है | ७६ प्रतिशत लोगों के पास वीसीआर है | ९१ प्रतिशत घरों में माइक्रोवेव ओवन है | करीब २५ प्रतिशत लोगों के पास पर्सनल कंप्यूटर है | यह है जापान का विकास और ऊँचे स्तर की जीवन पद्धति से जीने के तरीके की एक झलक | आम जापानी व्यक्ति स्वभाव से शर्मिला, विनम्र, ईमानदार, मेहनती और देशभक्त होता है | यही कारण है की विकसित देशों की तुलना में जापान में अपराध दर कम है | जापान में दुनिया के सबसे ज्यादा बुजुर्ग लोग रहते है | जापान तकनीकी क्षेत्र में बहुत आगे है |

साथ ही जापान दुनिया का चौथा सबसे बड़ा निर्यातक और चौथा सबसे बड़ा आयातक देश भी है | जापान में पढ़ाई को ज्यादा महत्व दिया जाता है और सर्वोच्च शिक्षित देशों में आज जापान की तुलना होती है | युद्ध घोषणा करने के अपने अधिकार को जापान ने पुनः-घोषित किया हुआ है | जापान का सैन्य बजेट दुनिया का आठवा सबसे बड़ा सैन्य बजेट है | जापान एक विकसित देश है, जहां के लोगों का स्टैण्डर्ड ऑफ़ लिविंग बहुत अच्छा है | यहां के लोग आसपास की जगहों पर जाने के लिए गाड़ियों का इस्तेमाल नहीं करते है |

जापानी लोग मेहनती होते है | जापानियों का खाना संतुलित और खूब सारे पोषक तत्वों से भरपूर होता है | यह मौसमी फल, ओमेगा वाली मछली, चावल, टोफू, सोया, साबुत अनाज खाते है | इनमें कई विटामिन और पोषक तत्व होते है | जापानी लोग अपने आप को श्रेष्ठ प्रजाति का मानते थे वह अपने देश को देवलोक तथा अपने सम्राट को ईश्वर का रूप मानते थे | उनका विश्वास था की शेष संसार के लोग जंगली और असभ्य है और श्रेष्ठ प्रजाति होने के कारण उनका अधिकार है की वह दूसरी जातियों पर शासन करें | जापानी लोग दिन के सोलह घंटे काम करते है |

9] कैसे बढ़ा दी थी जापान की सुनामी ने पृथ्वी की घूमने की गति?

इ.स. २०११ में जापान में बहुत भयानक भूकंप आया था | यह भूकंप अब तक का सबसे ज्यादा भयानक और जलद भूकंप था | इस भूकंप से पृथ्वी की घूमने की गती १.८ माइक्रो सेकंड से बढ़ गयी है |

Japan 3D Map on Earth

Japan on Earth

जापान देश के बारे में 76 रोचक तथ्य (76 Facts of Japan in Hindi) –

१] जापान एकमात्र देश है जिसपर परमाणु हमला हुआ था | आपको पता ही होगा की अमेरिका ने ६ और ९ अगस्त १९४५ को नागासकी और हिरोशिमा इन जापान के दो शहरों पर परमाणु हमला किया था | इन दो परमाणु का नाम ‘लिटल बॉय’ और ‘फैट मैन’ रखा गया था | सच में तो अमेरिका को हिरोशिमा की जगह दूसरे शहर पर परमाणु हमला करना था पर उसी वक्त आसमान में काले बदल छा गए और परमाणु गलती से हिरोशिमा पर गिर गया | इस विध्वसंक हमले से जापान का बहुत बड़ा नुकसान हुआ | दोनों शहर तबाह हो गए |

Hiroshima and Nagasaki on Japan Map

Hiroshima and Nagasaki on Japan Map

२] विश्व के पढ़े लिखे देशों के मामले में जापान का पहला स्थान है | जापान के १००% लोग साक्षर है |३] जापान दुनिया में सबसे ज्यादा ऑटोमोबाइल बनाने वाला देश है |
४] जापान के ९०% लोग वॉटर-प्रूफ मोबाइल का इस्तेमाल करते है क्योंकि नहाते वक्त भी यह
लोग मोबाइल का इस्तेमाल करते है |
५] जापान के लोग सॉरी कहने के लिए २० से भी अधिक तरीकों का उपयोग करते है |
६] भारत में सभी सड़कों के कुछ न कुछ नाम होते है परन्तु जापान में बहुतांश सड़कों का कोई
नाम नहीं है
७] जापान में ७० प्रकार के “Fanta ” फ्लेवर उपलब्ध है |
८] जापान के लोगों को मछली बहुत ज्यादा पसंद है | जापान देश चारों और से समुद्र से घिरा होने के बावजूद २७% मछलियां उत्पाद बाहर से दूसरे देशों से आयात करते है |
९] जापानी लोगों में एक बुरी आदत भी है, यहां के लोग WHALE मछली का शिकार करते है जिसके लिए पूरी दुनिया में प्रतिबंध है |
१०] जापान में एक बिल्डिंग ऐसी है जहां से हाईवे मार्ग बनाया हुआ है |
११] जापान में व्हेन्डिंग मशीन यह एक ऐसी मशीन है जहां coin डालने से खाने की चीजें बाहर आती है | उदा. नूडल्स, केला, अंडा इ. | जापान में हर गली में व्हेन्डिंग मशीनें लगी हुई है | जापान में लगभग ५५ लाख व्हेन्डिंग मशीनें लगी हुई है |
१२] जापानी लोगों को काली बिल्ली पालना बहुत पसंद है | यहां के लोग काली बिल्ली को शुभ मानते है | इनका मानना है की काली बिल्ली उनके लिए अच्छा भाग्य लेकर आती है | इस बात से यह पता चलता है की यहां के लोग अन्धविश्वास पर भरोसा करते है |
१३] जापान में रात १२ बजे के बाद नाचना गैरकानूनी है |
१४] जापान के लोग समय के पक्के पाबंद है | यह समय की कद्र करते है | यहां ट्रेन भी ज्यादा-से-ज्यादा १८ सेकंड लेट आ सकती है | यहां उदा. के तौर पर हम आपको बता रहे है की, एक बार ट्रेन ड्राइवर के टॉयलेट जाने के कारण ट्रेन ३० सेकंड लेट हो गयी थी तो पूरे रेलवे स्टेशन पर खलबली मच गयी थी | यह बात वहां के सरकार तक गयी और इस बात की छानबीन होने लगी की ट्रेन लेट क्यों हो गयी ? तो इसी से आप अंदाजा लगा लीजिये की यहां समय का कितना महत्व है |
१५] जापानी लोगों का नया साल मनाने का तरीका बिल्कुल अलग ही है | यह सुबह सबसे पहले १०८ बार मंदिर की घंटियां बजाकर नए साल का स्वागत करते है और उत्सव मनाते है |
१६] यहां के लोगों को कॉमिक्स पढ़ना बहुत पसंद है | जापान में प्रकाशित की गई किताबों में २०% किताबें कॉमिक्स होती है |
१७] जापानी लोगों का सुमो कुश्ती यह पसंदीदा और लोकप्रिय खेल है | इसके सिवा बेसबॉल भी बहुत लोकप्रिय है | सुमो जापान का राष्ट्रीय खेल है |
१८] जापान में हर साल १५०० भूकंप आते है यानी की हर रोज ३-४ भूकंप आते रहते है फिर भी जापान दुनिया में आर्थिक क्षेत्र में दूसरे नम्बर पर है |
१९] जापानी लोगों की आयु मर्यादा इतर देशों के लोगों की तुलना में बहुत ज्यादा है | यहां पुरुषों की आयु ८२ साल और स्त्रियों की आयु लगभग ८८ साल रहती है | दुनिया में सबसे ज्यादा आयु वाले बुजुर्ग जापानी लोग ही होते है | जापान में लगभग ५०,००० संख्या तक 100 से अधिक आयु वाले बुजुर्ग रहते है |
२०] यहां की लड़कियों को टेढ़े-मेढें दांत पसंद है इसलिए वह पैसे खर्च करके कॉस्मेटिक सर्जरी के जरिये दांतों को टेढ़ा-मेढ़ा करवाती है | इनका मानना है की टेढ़े-मेढ़े दांत ज्यादा सुंदर और आकर्षक दिखते है |
२१] ख्रिसमस के दिन यहां के लोग KFC रेस्ट्रॉ्रेंट जाना और वहाँ का खाना खाना पसंद करते है |
२२] जापान में छोटे बच्चों को कोई भी परीक्षा नहीं देनी पड़ती है | बच्चों को उनका बचपन जीने दिया जाता है |
२३] यहां के लोग साफ-सफाई के प्रती जागरूक है | स्कूल में टीचर और विद्यार्थी मिलकर क्लास-रूम की सफाई करते है | दुनिया के साफ-सुथरे देशों की गिनती में जापान का भी नाम आता है|
२४] यहां दो लोगों को हाथ पकड़कर चलना और ऊँची आवाज में बात करना मना है |
२५] यहां चलते-चलते खाना अशिष्ट और असभ्य माना जाता है |
२६] जापान का कोई नागरिक जब अपने पाले हुए कुत्ते को घुमाने ले जाता है तब वह अपने साथ एक विशेष थैला रखता है जिसमें वह कुत्ते का मल एकत्रित करता है |
२७] जापान में साक्षरता प्रमाण १००% है यहां सभी लोग शिक्षित है |
२८] जापान की मातृ भाषा जापानी है | यहां के लोग अपनी मातृ भाषा जापानी में ही अपनी शिक्षा ग्रहण करते है | वैज्ञानिक भी जापानी भाषा में ही संशोधन करते है | शिक्षा के मामले में यह देश बहुत आगे है |
२९] जापान देश का चलन जापानीज येन है |
३०] कृषि क्षेत्र में जापानी लोग हर दिन नए-नए आविष्कार करते रहते है |
३१] सम्पूर्ण विश्व में सबसे पहले सूरज जापान में ही उगया है इसलिए जापानी लोग इस देश को सूरज की भूमि कहते है | जापानी लोग अपने देश को ‘निहोन’ या ‘निप्पॉन’ कहते है |
३२] जापान के कुल क्षेत्रफल के १३% भूभाग पर खेती की जाती है |
३३] जापान में काम के दौरान सोना पूरी तरह स्वीकार है | यहां के लोग इसे आलस्य का नहीं कड़ी मेहनत का या काम के तनाव का प्रतीक मानते है | ऑफिस में कर्मचारियों को १से ४ बजे के दरम्यान आधा घंटा सोने के लिए दिया जाता है |
३४] दुनिया में सबसे ज्यादा नोबेल पुरस्कार विजेता जापान के ही है | जापान ने अलग-अलग विषयों में २८ नोबेल पुरस्कार जीते है |
३५] जापान दुनिया का सबसे बड़ा वाहन निर्माता देश है |
३६] जापान में लोग अपने मेहमानों के लिए अलग कमरा जरूर बनाते है |
३७] जापान का राष्ट्रगान कीमिगायो है | यह दुनिया का सबसे छोटा राष्ट्रगान है | इसकी रचना दुनिया के सभी राष्ट्रगानों में सबसे पुरानी है |
३८] जापान की हाइकू कविता दुनिया की सबसे छोटी कविता है जिसमें केवल तीन पंक्तियाँ है|
३९] दुनिया का सबसे बड़ा मछली बाजार जापान की राजधानी टोक्यो में है | उस बाजार का नाम Tsukiji market है जो हर दिन लगभग २००० टन से अधिक समुद्री उत्पादों की बिक्री करता है |
४०] इ.स. १९१२ में टाइटैनिक जहाज दुर्घटना में जापान के ‘मसाबुमी होसोनो’ बच गए थे |
४१] इ.स. २०११ में आए सबसे शक्तिशाली भूकंप के बाद आयी सुनामी ने जापान को तबाह कर दिया था | लेकिन जापान ने सहनशीलता और अभूतपूर्व साहस दिखाया और कुछ ही सालों में अपने पैरो पर खड़ा हो गया |
४२] जापान के ताशिरोजिमा द्वीप पर कुत्तों को पालना गैरकानूनी है क्योंकि इस द्वीप पर सिर्फ १०० लोग रहते है, लेकिन यहां बिल्लियों की संख्या इनसे ४ गुना ज्यादा है |
४३] जापान में ओकुनोशीमा द्वीप खरगोशों से भरा पड़ा है | इन्हें द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान जहरीली गैस के प्रभावों का परीक्षण करने के लिए यहां लाया गया था |
४४] जापान में मैग्नेटिक पॉवर से भी ट्रेनें चलाई जाती है | यह ट्रेन ट्रैक से कुछ इंच ऊपर से चलती है और देखने पर ऐसा आभास होता है की जैसे ट्रेन हवा में दौड़ रही है | जापानी बुलेट ट्रेन टेक्नोलॉजी का उत्कृष्ट उदाहरण है | जापानी बुलेट ट्रेन प्रति घंटा ३२० किलोमीटर की रफ्तार से दौड़ती है | बुलेट ट्रेन के मामले में जापान सबसे पहला और एकमात्र देश है |
४५] जापान में गाड़ी तेज चलाना अपराध माना जाता है | इस अपराध के लिए यहां की पुलिस गोली मार देती है |
४६] जापानी लोग वर्गाकार खरबूजे की खेती करते है, जो पूरी दुनिया में सिर्फ जापान में ही उगाया जाता है |
४७] रिसर्च टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल के मामले में जापान दुनिया में नंबर वन है | जापानी लोग आए दिन टेक्नोलॉजी से जुड़े नए-नए आविष्कार करते रहते है |
४८] जापान में ३००० से अधिक Mc Donald’s restaurants है | यह जापान के लिए बहुत मददगार है | जिन लोगों के पास जापान में रहने के लिए घर नहीं है वह लोग Mc donald ‘s में आकर रह सकते है |
४९] जापान के लोगों में घोड़े का कच्चा मांस खाने की भी परंपरा है जिसे बासाशी कहते है |
५०] जापान के लोग ४ अंक या चार नामक शब्द को अशुभ मानते है | यहां के लोग चार शब्द का प्रयोग कही भी नहीं करते है | यहां के लोग चौथी मंजिल को पाँचवीं मंजिल मानते है |
५१] जापान के लोग पुरातन काल से अपनी परंपराओं का पालन करते आ रहे है | यह लोग अपने हर त्यौहार को एक साथ मनाते है और पूरे जापान में एकता की मिसाल कायम करते है |
५२] जापान में अपराध सिर्फ नाम के होते है, जहां २ लाख लोगों में सिर्फ एक हत्या होती है |
५३] अधिक तर कार्टून शो जापान में ही बनते है | डोरेमोन यह लोकप्रिय कार्टून शो जापान में ही बनाया गया था | यहां के लोग एनिमेटेड निर्मित मनोरंजक शो ज्यादा पसंद करते है |
५४] प्रथम विश्व युद्ध के बाद जापान को क़ानूनी तौर पर सेना रखने की अनुमति नहीं है लेकिन जापान के पास एक आत्मरक्षा सेना है, जिसे १९५४ में जापानी संविधान में संशोधन करके स्थापित किया गया था | अमेरिका और जापान के बीच एक नई सुरक्षा संधि हुई थी उस संधि के तहत जापान आंशिक रूप से पुन: शस्त्रीकरण कर सकता है |
५५] जापान ट्रेन के अंदर मोबाइल पर बात करना मना है , यहां तक की आपस में ऊँची आवाज में बात करना भी मना है |
५६] जापान के लोग बहुत मेहनती है इस कारण से यहां बेरोजगारी सिर्फ ४% है |
५७] जापान दुनिया के सबसे अमीर देशों में से एक है, लेकिन सच्चाई यह है की जापान दुनिया का सबसे बड़ा कर्जदार देश भी है |
५८] जापान में गोद लेने वालों में ९८% पुरुष है | जापानी अपने पारंपरिक और पारिवारिक व्यवसाय को अपने परिवार में रखने के लिए ऐसा करते है |
५९] जापान का सबसे पसंदीदा पेय ‘ओ चा ग्रीन टी’ है जिसे साल के समय के हिसाब से गर्म या ठंडा परोसा जाता है |
६०] कॉफ़ी जापान में बेहद लोकप्रिय है और बड़ी संख्या में जमैका से आयात की जाती है |
६१] अगर जापान के बाहर सबसे ज्यादा जापानी कहीं पाए जाते है तो वह देश ब्राझिल है |
६२] जापान में सार्वजनिक स्थान पर अपनी नाक साफ़ करना अशिष्टता माना जाता है |
६३] दुनिया की सबसे महंगी टूना मछली जापान में ७३५,००० डॉलर में बेचीं गयी थी |
६४] कुरील द्वीप पर विवाद के कारण जापान और रूस ने द्वितीय विश्व युद्ध को समाप्त करने के लिए शांति संधि पर आज तक हस्ताक्षर नहीं किए है |
६५] द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान जापान ने चीन पर बुबोनिक प्लेग से संक्रमित बम से हमला किया था |
६६] जापान के अधिकतर लोग सुबह की बजाय रात में नहाना पसंद करते है क्योंकि यहां के लोगों का मानना है की इससे पूरे दिन की थकान दूर होती है और अच्छी नींद आती है |
६७] जापान के लोग दूसरों से मिलते समय हाथ मिलाने की बजाय झुककर अभिवादन करते है व्यक्ति जितना झुकता है, उतना ही सम्मानित माना जाता है |
६८] अगर जापान में आपने साइकिल ठीक से पार्क नहीं की तो आपका चालान काटा जा सकता है|
६९] जापानी लोग किट-कैट चॉकलेट को कीटों-काटो कहते है |
७०] जापान में “ऑक्टोपस” के स्वाद वाली आइसक्रीम भी उपलब्ध है |
७१] ‘फुगु’ जापान में लोकप्रिय पकवानों में से एक है | यह एक जहरीली मछली का पकवान है जो बेहद स्वादिष्ट होती है | सिर्फ लाइसेंस वाले रसोइये ही इसे बना सकते है और वह इसे ग्राहकों को बेचने से पहले खुद चख कर देखते है की कहीं यह जहरीली तो नहीं | ‘फुगु’ का लाइसेंस प्राप्त करने के लिए ७ से ११ साल की ट्रेनिंग लेनी जरूरी है |
७२] जापान के अख़बारों में और न्यूज चैनलों में भारत की तरह दुर्घटना, राजनीती, वाद-विवाद, फिल्मी मसालों पर खबरें नहीं छपती | यहां पर अख़बारों में आधुनिक जानकारी और आवश्यक खबरें ही छपती है |
७३] जापान amazone जंगल की लकड़ियों का सबसे बड़ा खरीददार है |
७४] जापान का क्योटो शहर इतना सुंदर है की इसे दूसरे विश्व युद्ध के दौरान अमेरिकी युद्ध सचिव द्वारा बमबारी सूची से हटा दिया गया था क्योंकि वह पहले क्योटो घूम चूका था और इसकी सुंदरता से काफी ज्यादा प्रभावित था | (क्योटो शहर को ही आज टोक्यो नाम से जाना जाता है |)

Tokyo City Japan

Tokyo City Japan

७५] किसी भी गिफ्ट की रैपिंग को फाड़ना जापान में असभ्य माना जाता है | जापान में आप खुद को मिले गिफ्ट को देखना चाहते है तो उसकी पैकिंग को बड़े आराम से खोलिएगा |
७६] चीन के कोरोना वायरस महामारी के कारण जापान मंदी में जाने वाला पहला देश था |
तो यह थे जापान देश के बारें में कुछ रोचक तथ्य .

कुछ ऐसी अजब चीजें जो सिर्फ और सिर्फ जापान में ही देखने को मिलती है | जापान अपनी विशिष्ट संस्कृति और अनूठी परंपराओं के लिए हमेशा से लोकप्रिय रहा है लेकिन कुछ जापानी आविष्कार इतने अजीबोगरीब है की आपको देखने के बाद कुछ समझ ही नहीं आएगा की यह इस तरह से क्यों और कैसे है ? जापान एक अद्भुत देश है जो अपनी नई-नई टेक्नोलॉजीज और विचारों के साथ आगे बढ़ रहा है | लगभग हर चीज के लिए व्हेंडिंग मशीन और ऑक्टोपस फ्लेवर की आइसक्रीम कैफे और न जाने किन-किन चीजों से जापान ने दुनिया को आश्चर्य में डाला हुआ है |

10]कैसे है भारत और जापान के संबंध? | Relationship Between Japan and India –

भारत जापान संबंध हमेशा से मजबूत रहे है | २१ वी सदी की शुरु वात में जापान और भारत ने अपने दोनों पक्ष के संबंधों को गुणात्मक रूप से नए स्तर पर ले जाने का संकल्प लिया | यामाहा, सोनी, टोयोटा और होंडा जैसी जापानी कंपनियों की भारत में शाखाएं है | इससे भारतीय अर्थव्यवस्था का विकास हो रहा है | भारत जापानी फर्मों के लिए एक बड़ा बाजार है | जापानी फर्म भारत में निवेश करने वाली पहली फर्मों में से कुछ थी | भारत और जापान को एकसाथ लाने का विचार शक्तिशाली है | भारत और जापान के रिश्ते आर्थिक संबंध मजबूत बनाने में अहम है |

Friendship of japan and india in hindi

Friendship of Japan and India

वास्तव में भारत-जापान के बीच आर्थिक संबंधों को तीन भागों में बांटा जा सकता है | पहला व्यापार, दूसरा निवेश और तीसरा आर्थिक सहायता | भारत में जापान का आर्थिक निवेश दोनों देशों के आर्थिक संबंधों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण और सहायक है | हालाँकि साल २००१ के बाद से ही जापानी निवेश में तीव्रता देखी जा रही है, मगर मोदी शासन काल में इसका स्वरूप व्यापक हो गया है | मार्च २०२२ में जापान के प्रधानमंत्री दो दिन के भारत दौरे पर आए थे | तब जापान के प्रधानमंत्री ने अगले पांच वर्षों में भारत में ४२ अरब डॉलर निवेश करने की घोषणा की थी | भारत के ओटो मोबाइल क्षेत्र से लेकर औद्योगिक क्षेत्र तक जापान ने निवेश किया है |

भारत और जापान के संबंध सदैव बहुत मजबूत और स्थिर रहे है | जापान की संस्कृति पर भारत में जन्मे बौद्ध धर्म का स्पष्ट प्रभाव देखा जा सकता है | भारत के स्वतंत्रता संघर्ष के दौरान भी जापान की राजकीय सेना ने सुभाषचंद्र बोसजी की आजाद हिन्द फौज को सहायता प्रदान की थी | भारत की स्वतंत्रता के बाद भी आज तक दो देशों के बीच मधुर संबंध रहे है | भारत और जापान एक-दूसरे के लिए श्रद्धा का भाव रखते है | वर्तमान प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र मोदी ने भारतीय उप महाद्वीप से बाहर किसी द्विपक्षीय विदेश यात्रा के लिए सर्वप्रथम जापान को चुना |

जापान की कई कंपनियां सोनी, टोयोटा और होंडा ने अपनी उत्पादन शाखा कंपनियां भारत में स्थापित की | इसमें सबसे ज्यादा योगदान वहां की मोटर वाहन निर्माता कम्पनी सुजुकी है जो भारत की कंपनी मारुती सुजुकी के साथ मिलकर उत्पादन करती है और भारत की सबसे बड़ी मोटर कार निर्माता कंपनी है | होंडा कुछ ही दिनों पहले तक हीरो होंडा के रूप में हीरो कंपनी के पार्टनर के रूप में कार्य करती रही है जो तब दुनिया की सबसे बड़ी मोटर साइकिल विक्रेता कम्पनी थी | जापान ने भारत में तकनीकी सहायता उपलब्ध करायी है, इनमें सबसे महत्वपूर्ण है दिल्ली मेट्रो रेल का निर्माण|

द्वितीय विश्व युद्ध के समय में भारत ब्रिटिश शासन के आधिपत्य के नीचे था तब इस युद्ध में भारत और जापान आमने-सामने थे | २८ अप्रैल १९५२ को भारत और जापान ने शांति संधि पर हस्ताक्षर किए और राजनीतिक संबंध स्थापित किए | आज जापान भारत का विश्वसनीय और भरोसेमंद साथी है | इस साल भारत-जापान के द्विपक्षीय राजनीतिक संबंधों की ७०वी वर्षगाँठ है | दोनों देशों के बीच शत्रुता का कोई दौर नहीं रहा है | भारत-जापान संबंध समय की कसौटी पर खरे उतरे है | एक-दूसरे के मूल हितों का सम्मान करने की क्षमता ही सच्ची दोस्ती की पहचान है | भारत और जापान आने वाले वर्षों में मजबूत मित्र बने रहेंगे |

प्रधानमंत्री श्रीमान नरेंद्र मोदी की दृष्टि से देखें तो अमेरिका और यूरोपीय देशों के मुकाबले में जापान ने ही उन्हें विशेष महत्व दिया है | मुख्यमंत्री रहते हुए मोदीजी २००७ और २०१२ में जापान जा चुके है | जुलाई २०१२ में जापान में उनका अभूतपूर्व स्वागत हुआ था | मोदीजी प्रधानमंत्री बनने के बाद उनकी पहली विदेश यात्रा जापान की ही थी |भारत से स्वामी विवेकानन्दजी भी जापान गए थे तब उन्होंने जापानियों से प्रभावित होकर कहां था की हर भारतीय युवा व्यक्ति को जीवन में एक बार जापान जरूर जाना चाहिए |

11]जापान भारत से ज्यादा विकसित क्यों है?

जापान विश्व का ऐसा देश है जो पूरी तरह तबाह होने के बाद भी इतनी तेजी से आगे बढ़ा की उसने दुनिया के कई देशों को पीछे छोड़ने के साथ-साथ हैरान भी कर दिया | जापान द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान पूरी तरह से खत्म होने के बाद भी आज विश्व में सबसे ऊंचे स्तर की अर्थव्यवस्था के साथ खड़ा है | जापान ने न केवल चीन और भारत को बल्कि कई विषय में अमेरिका को भी पीछे छोड़ दिया है | जापान आज इस मुकाम पर इसलिए है क्योंकि इस देश के लोग सभी कानूनों का पूर्ण रूप से पालन करते है | जापान आज की स्थिति में वैश्विक महासत्ता को हासिल करने की क्षमता रखता है | यहाँ कोई भी कार्य लापरवाही से नहीं किया जाता बल्कि उसे पूरी तरह समझा जाता है फिर उसके बाद उसे कार्यान्वित किया जाता है |

Japan Flag

Japan Flag

जापानी लोग अपने शहर, गली और मोहल्ले की सफाई के लिए किसी और पर निर्भर नहीं रहते बल्कि उसे खुद ही साफ करने में जुट जाते है | देखा जाए तो इस बात की कमी हमारे भारत देश में बहुत ज्यादा दिखाई पड़ती है | जापान में गलत तरीके से गाड़ी खड़ी करने पर भारी जुर्माना देना पड़ता है | जिसकी वजह से वहां कोई भी नियम को तोड़ने की गुस्ताखी नहीं करता है | इसी वजह से वहां जब जो चाहे अपनी गाड़ी आराम से बाहर निकाल सकता है और इस कारण लोगों में किसी तरह की हिंसा भी नहीं होती |

जापान में न केवल लोग गाड़ियों को नियम अनुसार चलाते है बल्कि सड़क पर पैदल चलने वाले भी नियमों का पालन करते है | जापान में सभी कार जैबराक्रॉसिंग से पहले ही रुक जाती है और इसी कारण लोग आसानी से बिना किसी दुर्घटना के सड़क पार कर लेते है | देखा जाए तो हर रेड लाइट पर जैबराक्रॉसिंग तो भारत में भी है लेकिन हम लोग उसका पालन ही नहीं करते है | यहाँ के लोग इतने सभ्य है की सीढ़ियाँ चढ़ने के लिए लाइन कितनी भी लम्बी क्यों न हो वह अपनी लाइन तोड़कर साइड से गलत तरीके से नहीं निकलते | यह है जापान की अनुशासिता और शायद जापान के इतना सफल देश होने के पीछे हो ना हो यहाँ के देश वासियों का ही योगदान है |
जापान दुनिया से अलग कैसे है?
जापान एक आर्थिक महाशक्ति होने के बाद भी उसने दुनिया के किसी भी देश पर ना ही अपना दबदबा बनाया है और ना ही महाशक्ति बनने की महत्वाकांक्षा दिखाई है | जापान ने हमेशा भारत का साथ दिया है और आर्थिक संकट में भारत की मदद की है | जापान के लोग कर्मठ, मेहनती, ईमानदार और अपने राष्ट्र से प्रेम करने वाले है | वह कभी भी खुद को दूसरों से अच्छा और बड़ा नहीं मानते है | यहाँ के लोग बेहद अनुशासित है पर वह स्वभाव से बहुत ही विनम्र और दूसरों का आदर करते है |

यह लोग स्वभाव से बहुत ही शांत होते है | हम भारतीयों को उनसे बहुत कुछ सीखने को मिल सकता है | जापान दुनिया के किसी भी झमेले में नहीं पड़ता | जापान देश दुनिया से बिलकुल अलग है |
जापान वैसे तो भारत से बहुत छोटा देश है लेकिन टेक्नोलॉजी के दम पर जापान भारत से बहुत आगे है | भारत को जापानी लोग अपनी गुरु भूमि मानते है | जिसे भारत से प्रेम है वही देश संपन्न है |

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1 Comment

Surbhi · July 17, 2022 at 3:55 pm

खूप छान लेख

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